The Implications of Ramnath Kovind’s  Presidency

The Implications of Ramnath Kovind’s Presidency

The Implications of Ramnath Kovind’s Presidency Prem Singh In the upcoming presidential election, the BJP candidate Ramnath Kovind’s election to the post of the President of India is fait accompli. The debate around the presidential election is restricted to BJP playing the caste-card. The Congress fielding Meira Kumar against BJP’s caste-card, merely changes the discourse […]

रामनाथ कोविंद के राष्ट्रपति बनने के निहितार्थ/ प्रेम सिंह

रामनाथ कोविंद के राष्ट्रपति बनने के निहितार्थ/ प्रेम सिंह

रामनाथ कोविंद के राष्ट्रपति बनने के निहितार्थ प्रेम सिंह राष्ट्रपति चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद का अगला राष्ट्रपति बनना तय है. राष्ट्रपति चुनाव को लेकर होने वाली चर्चा मुख्यत: भाजपा द्वारा जाति-कार्ड खेलने के इर्द-गिर्द सिमटी है. भाजपा के जाति-कार्ड की काट में कांग्रेस की तरफ से मीरा कुमार को उम्मीदवार बनाये जाने […]

संविधान नहीं नवउदारवाद का अभिरक्षक राष्ट्रपति

संविधान नहीं नवउदारवाद का अभिरक्षक राष्ट्रपति

संविधान नहीं नवउदारवाद का अभिरक्षक राष्ट्रपति प्रेम सिंह (‘युवा संवाद’ में प्रकाशित यह लेख जून 2012 का है और मेरी पुस्तक ‘भ्रष्टाचार विरोध : विभ्रम और यथार्थ’ (वाणी प्रकाशन) में संकलित है. नए राष्ट्रपति के चुनाव को लेकर चलने वाली बहस के मद्देनज़र आपके पढ़ने के लिए प्रेषित कर रहा हूँ. लेख का तभी का […]